June 21, 2026

आईटीबीपी ने राष्ट्रगीत के 150 साल पूरे होने पर सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गायन किया

आईटीबीपी ने राष्ट्रगीत के 150 साल पूरे होने पर सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गायन किया

मसूरी।
Devendra Uniyal
भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल अकादमी में राष्ट्रगीत वंदे मातरम् की रचना के 150 वर्ष पूर्ण होने पर

सामूहिक गान कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें बल के अधिकारियों, अधीनस्थ अधिकारियों व जवानों ने प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि अकादमी के उपनिदेशक डीआईजी निशिथ चंद्र मौजूद रहे। उन्हांने राष्ट्रगीत वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने पर कहा कि वंदे मातरम् केवल एक गीत नहीं बल्कि भारत माता के प्रति श्रद्धा, प्रेम और त्याग का प्रतीक है। यह गीत स्वतंत्रता संग्राम के समय देशवासियों में देशभक्ति की भावना को जगाने वाला सूत्र रहा है और आज भी यह हमें अपनेह कर्तव्यों के प्रति निष्ठावान बने रहने की प्रेरणा देता है। इस मौके पर भातिसीपु अकादमी के सभी अधिकारी, अधीनस्थ अधिकारियों एवं जवानों ने एक स्वर में वंदे मातरम् का गायन किया। जिससे समूचा परिसर देशभक्ति की भावना से ओतप्रोत हो उठा। कार्यक्रम का उददेश्य राष्ट्रगीत के माध्यम से देश की एकता, अखंडता और सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान प्रकट करना रहा। इस मौके पर उपस्थित सभी ने यह संकल्प लिया कि वे अपने कार्य, अनुशासन और समर्पण के माध्यम से देश की सेवा में सदैव तत्पर रहेंगे। अंत में मुख्य अतिथि अकादमी के उप निदेशक डीआईजी निशिथ चंद्र ने सभी प्रतिभागियों को सफल आयोजन के लिए बधाई दी और कहा कि ऐसे कार्यक्रम हमें अपनी जड़ों से जोड़ते है और राष्ट्र के प्रति गर्व और समर्पण की भावना को और प्रबल करते हैं। इस अवसर पर सेनानी प्रशासन विंग अविनाश सिंह सहित अकादमी के सभी अधिकारी एवं हिमवीर मौजूद रहे।