September 3, 2026

मसूरी गोलीकांड: सीएम धामी ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि, कहा- आंदोलनकारियों की भावना के अनुरूप कार्य कर रही सरकार

मसूरी गोलीकांड: सीएम धामी ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि, कहा- आंदोलनकारियों की भावना के अनुरूप कार्य कर रही सरकार
मसूरी।
Devendra Uniyal
मसूरी गोली कांड की बरसी पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी के साथ ही विभिन्न राजनीतिक दलों के जन प्रतिनिधि मसूरी पहुंचे वह शहीद स्थल पर उत्तराखंड के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की सबसे पहले सर्व धर्म सभा का आयोजन किया गया उसके बाद शाहिद आंदोलन के परिजनों को सम्मानित किया गयाl उसके बाद है प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से मसूरी गोलीकांड के शहीदों को नमन करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि मसूरी गोलीकांड में छह आंदोलनकारियों ने अपना बलिदान दिया था। मुख्यमंत्री ने शहीद आंदोलनकारियों के साथ ही डीएसपी उमाकांत त्रिपाठी को भी नमन किया।
सीएम धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य लंबे संघर्ष और बलिदान के बाद अस्तित्व में आया है। राज्य निर्माण के लिए शहीदों ने अपने भविष्य की चिंता किए बिना आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए बलिदान दिया। उनके बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलन में मातृशक्ति का भी बहुत बड़ा योगदान रहा है।
कहा कि सरकार राज्य आंदोलनकारियों की भावनाओं के अनुरूप काम कर रही है। आंदोलनकारियों की लंबे समय से चली आ रही मांगों को पूरा करने की दिशा में सरकार ने कई कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन बढ़ाने का काम किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों और शहीदों के सपनों का उत्तराखंड बनाने के लिए सरकार निरंतर काम कर रही है। राज्य आंदोलनकारियों की लंबे समय से चली आ रही भू-कानून की मांग को सरकार ने लागू किया है। राज्य में सड़क और रेल कनेक्टिविटी के विकास पर तेजी से काम किया जा रहा है। साथ ही युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि उत्तराखंड का कोई भी युवा रोजगार के लिए पलायन करने को मजबूर न हो। इसके लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने के साथ ही राज्य के विकास पर लगातार कार्य किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को देश के श्रेष्ठ राज्यों में शामिल करने के लक्ष्य के साथ सरकार आगे बढ़ रही
राज्य निर्माण में मसूरी गोलीकांड के शहीदों को श्रद्धांजलि दी. सर्वधर्म सभा का किया आयोजन किया गया l
 उत्तराखंड राज्य निर्माण में मसूरी गोलीकांड की 32वीं वर्षगांठ पर प्रदेश के काबीना मंत्री गणेश जोशी, सहित बड़ी संघ संख्या में विभिन्न राजनैतिक दलों, सामाजिक संगठनों, आंदोलनकारियों सहित शहीदों के परिजनों ने शहीद स्थल पर जाकर उनकी प्रतिमाओं व चित्रों पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर उक्रांद कार्यकताओं ने नारेबाजी के बीच शहीदो को श्रद्धांजलि दी।
शहीद स्थल पर आयोजित कार्यक्रम को वर्चुटल संबोधित करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिह धामी ने कहा कि भारी बारिश होने के कारण मसूरी नहीं पहुच पाया व खटीमा से संबोधित कर रहा हूं। उन्होंने कहां की मैं प्रदेश निर्माण में ज्ञात अज्ञात आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं, उन्होंने कहा कि खटीमा के अगले दिन मसूरी में गोलीकांड हुआ व मसूरी में छह शहीदों ने अपना सर्वोच्च बलिदान दिया वहीं डिप्टी एसपी भी शहीद हो गये। उन्होंने कहा कि उस समय आंदोलन कारि बिना हथियार व बिना हिंसा के आंदोलन चला रहे थे लेकिन तत्कालीन दमनकारी सरकार की पुलिस ने उनकी आवाज को गोलियों से दबाने का प्रयास किया। जिन आंदोलनकारियों ने अपने प्राणों को राज्य के लिए न्योछावर किया उनको हमेशा याद रखा जायेगा व उनके सपनों को उत्तराखंड बनाया जायेगा। उन्होंने हंसा धनाई, बेलमती चौहान, बलबीर नेगी, धनपत सिंह, मदनमोहन ममगाई, राय सिंह बंगारी सहित तत्कालीन डीएसपी उमाकांत त्रिपाठी को हृदय से श्रद्धासुमन अर्पित करता हूं। उनके बलिदान से राज्य के संकल्प को मजबूत किया व गर्व से सिर उंचा किया। यह राज्य बडे संघर्षों के बाद मिला, यह देवभूमि के साथ वीरभूमि व बलिदान भूमि भी है। सबकी जिम्मेदारी है कि नई पीढी को बताये कि उन्होंने अपना सर्वोच्च बलिदान राज्य के निर्माण के लिए किया जिसमें मातृशक्ति की अहम भूमिका रही। उन्होंने कहा कि हिमालयी राज्यों उत्तराखंड पहले स्थान पर है। उत्तराखंड के आंदोलनकारियों को दस प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण, पेंशन में बढोत्तरी की है, दो बच्चों को निशुल्क शिक्षा, व बस यात्रा सहित महिलाआंे को तीस प्रतिशत आरक्षण दिया है। वहीं अनेक जन कल्यााणकारी योजनाएं चला रहे है, व प्रदेश के विकास में योजनाएं बनाकर पलायन को रोकने का प्रयास कर रहे है ताकि यहां की संस्कृति को बचाया जा सके। उत्तराखंड को श्रेष्ठ राज्य का दर्जा मिले इसका प्रयास किया जा रहा है। व 21वी सदी का तीसरा दशक उत्तराखंड का होगा। राज्य में पर्यटन बढा है, तीन लाख बहने लखपति बनी है। इस मौके पर मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि मसूरी के शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धाजंलि अर्पित करते हुए उन्होंने कहा कि आज राज्य नहीं बनता तो वह मंत्री नहीं बनते है, उनकी बदौलत मंत्री बना। उन्होंने कहा कि शहीद स्थल मसूरी का पवित्र स्थल है यहां पर म्युजियम बनना था, जो तीन माह में शिलान्यास किया जायेगा, भिलाडू खेल मैदान की आपत्तियां खारिज हो गयी हैं, जिसके निर्माण का कार्य शीघ्र शुरू होगा, मुख्यमंत्री ने 2013 में तहसील की घोषणा की थी जो अभी शुरू नहीं हो पायी उसको शुरू करवाने के लिए पद सृजित करायेंगे, वेेडर जोन बनायेंगे, जीरो प्वाइंट पर पार्किग स्वीकृत हो चुकी है सभी का शिलान्यास मुख्यमंत्री से कराया जायेगा वहीं नगर पालिका शरदोत्सव कराने जा रही है, जिसमें सरकार की ओर से पूरी मदद की जायेगी वहीं उन्होंने मसूरी देहरादून मार्ग की हालात पर चिंता व्यक्त की व कहा कि इसका पूरा का सर्वे करा कर इसका ट्रीटमेंट के लिए मुख्यमंत्री से अनुरोध किया जायेगा।  कार्यक्रम को पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला, व पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन पूर्व पालिकाध्यक्ष मनमोहन ंिसह मल्ल ने किया। इस मौके पर उत्तराखंड राज्य निर्माण सम्मान परिषद के उपाध्यक्ष सुभाष बडथ्वाल, भाजपा प्रवक्ता रवीद्र जुगराण, पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल, अनुज गुप्ता, उक्रांद के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र दत्त कुकरेती, सुनील उनियाल गामा, प्रमिला रावत, जय प्रकाश उपाध्याय, लताफत हुसैन, भाजपा मंडल अध्यक्ष रजत अग्रवाल, शहर कांग्रेस अध्यक्ष अमित गुप्ता, उपेंद्र थापली, मनीष गोनियाल, सोनिया आनंद रावत, पूर्व मंत्री दिनेश अग्रवाल, भाजपा मंडल महामंत्री नरेंद्र मेलवाल, मोहन पेटवाल, भगवान सिंह धनाई, रविराज बंगारी, भगवती प्रसाद सकलानी सहित बड़ी संख्या में शहर वासियों व बाहर से आये लोग मौजूद रहे।

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