माल रोड पर आवारा पशुओं. कुत्तों का बढ़ता आतंक, पर्यटक और स्थानीय लोग परेशान
माल रोड पर आवारा पशुओं. कुत्तों का बढ़ता आतंक, पर्यटक और स्थानीय लोग परेशान

मसूरी।

मसूरी।
Devendra Uniyal
पर्यटन नगरी में इन दिनों सीजन पूरे चरम पर है, व देश विदेश के सैलानी बड़ी संख्या में मसूरी आकर यहंा के मौसम व सौदर्य का आनंद ले रहे हैं, लेकिन मालरोड पर घूमते आवारा पशु.
कुत्ते लंगूर बंदर उनके आनंद में खलल डालने के साथ ही दुर्घटना की संभावनाओं को बढा रहे हैं। विगत दिनो
लंढौर चौक पर एक व्यक्ति को सांड ने उठा कर पटक दिया था, जिनका उपचार अस्पताल में चल रहा है उसके साथ ही अन्य कई लोगों को भी चोटिल किया है वहीं इसके साथ ही आवारा कुत्तों के झुड व बंदर. लंगूरों का आतंक अलग है। ऐसे में पर्यटक आराम से कैसे मसूरी का आनंद ले पायेगा। इससे माल रोड पर पैदल घूमने वाले पर्यटकों को सबसे अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मालरोड में कई बार पर्यटकों की भीड़ के बीच अचानक आवारा पशुओं के आने से अफरा-तफरी मच जाती है। कई बार पर्यटक इनके डर से किनारे हटते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है। स्थानीय निवासी दिनेश रावत श्याम सिंह का कहना है कि पहले भी कई ऐसी घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जब आवारा पशुओं ने पर्यटकों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। मालरोड के व्यापारियों ने इस समस्या के समाधान की मांग पालिका प्रशासन से की है। उनका कहना है कि पर्यटन सीजन में लाखों की संख्या में लोग मसूरी पहुंचते हैं, ऐसे में माल रोड जैसी प्रमुख जगह पर सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि पालिका केवल कागजों में ही कार्य कर रही है धरातल पर कोई भी कार्य परवान नहीं चढ़ पा
रहा है नगर पालिका कई बार आवारा पशुओं कुत्तों की समस्या के समाधान के लिए घोषणाएं कर चुकी है लेकिन धरातल पर कोई सुधार होता हुआ नजर नहीं आ रहा हैl बताया कि कुत्तों का आतंक इतना है कि उप
जिला चिकित्सालय सिविल अस्पताल में भी मरीज सुरक्षित नहीं है वहां पर भी कुत्ते मरीजों पर झपट
रहे हैं रात के समय कुत्तों का झुंड दुपहिया वाहन चालको के पीछे दौड़ रहाहै जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना हुआ हैl
स्थानीय लोगों ने सुझाव दिया है कि नगर पालिका आवारा पशुओं को पकड़कर सुरक्षित स्थानों पर भेजने की व्यवस्था करे और माल रोड पर वाहनों के संचालन को भी नियंत्रित किया जाए। यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो यह मसूरी की छवि को भी प्रभावित कर सकता है। स्थानीय व्यापारियों ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए ठोस कदम उठाए जाने की मांग की है
ताकि वे बिना किसी डर और असुविधा के मसूरी की खूबसूरती का आनंद ले सकें। नगर पालिका ईओ गौरव भसीन ने बताया कि पालिका द्वारा समय-समय पर आवारा पशुओं को गौशाला भेजने का काम किया गया जाता है लेकिन उसके बाद नये पशु मालरोड पर आस पास के क्षेत्र के लोग छोड जाते है। उन्होंने कहा कि पालिका की टीम मालरोड से आवारा पशुओं को उचित स्थान पर भेजने की कार्यवाही करेगी। उन्होंने कहा कि पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा पालिका प्रशासन की प्राथमिकता है।